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ग्वालियर का किला:- इस किले का निर्माण सूरजसेन द्वार किया गया था । यह किला रेतीले पत्थर की लम्बी और तंग चट्टानयुक्त पहाड़ी पर बना है, जो कि आसपास के क्षेत्र से ३०० फुट ऊंचाई पर है। किले में राजा मानसिहं के भव्य प्रसाद की ऊंची मीनारे और नक्शीदार बुर्जे है तथा मीनारो के ऊपर एक विशाल मंदिर है। किले में अनेक जलाशय एवं महल है। ग्वालियर के किले को ताज-उल-मसीर के रचियता ने सार्थता से याथर्थातः में "हिन्द के किलों की माला में मोती कहा है। गुजरी महल:- इस महल को राजा मानसिहं ने अपनी रानी मृगनयनी के लिए बनबाया था । कटावदार पत्थर के काम से निर्मित यह दुमंजला महल ३३२ फूट लम्बा तथा १९६ फूट चौंड़ा हैं। इसके भीतरी भाग में एक विशाल आंगन है, जिसके चारों और खुदाई के काम से युक्त ब्रेंकटों तथा मेहराबदार दरवाजों से युक्त अनेक छोटे छोटे कक्ष बने हुऎ हैं। सास बहू मंदिर :- इस मंदिर के मध्य में एक वर्गाकार प्रकोष्ट हैं,जिस्के तीन ओर द्बार मंडप हैं और चोथी ओर एक गर्भगृह हैं,जो अब रिक्त है।यह मंदिर बिष्णु को समर्पित किया गया हैं और इसका निर्माण ईसवी सन १०९३ में हुआ था । तेली का मंदिर :- यह किले की सभी विद्दमान इमारतों में सबसे अधिक ऊंचा है। इसकी ऊंचाई लगभग १०० फूट है। यह ९वी शताब्दी का प्रतिहार विष्णु मंदिर हैं जो अपनी योजना और डिजाइन की दृष्टि से अद्दितीय हैं । मुहम्मद गौस का मकबरा :- प्रारंभिक मुगल वास्तु कला का अत्यन्त सुन्दर उदाहरण है। यह चौकार बना हुआ है और इसके कोंनो पर षट्कोण बुर्ज है,जिनके सिरे पर छोटी छोटी गुम्बंजे बनी हैं,और पूरी इमारत के ऊपर एक बड़ा गुम्बज है । इस इमारत के अंदर १६वी शताब्दी के मुस्लिम संत शेख मुहम्मद गौस का शव दफन किया गया था। सुर्य मंदिर :- ग्वालियर रेल्वे स्टेशन से ५ कि.मी.की दूरी पर मुरार क्षेत्र में सुर्य मंदिर स्थापित है । इस मंदिर का निर्माण उड़ीसा के कोणार्क मंदिर से प्रेरित होकर किया गया है। जय विलास महल एवं संग्राहलय :- सन १८७२-७४ में १९ लाख रुपये की लागत से निर्मित यह महल सिंधिया परिवार के रहने के लिए बनवाया गया था। इसका निर्माण इटली,टस्कन तथा कोरिन्थियन शॆली में किया गया है । इस महल में एक विशाल कसकुट की तोप है, जो सन १६०२ में ढाले गये आयुध का एक नमुना है। इस महल में एक दरबार हाल है। भव्य मेहराबदार छत ,दरवाजो पर देव मुर्तियो चित्रित पर्दे एवं दीवारो पर लगे बड़े-बड़े दर्पण इस महल की सुनदरता में चार चांद लगाते है।
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